RRT News- सक्ती वेदांता पावर प्लांट हादसे ने एक और परिवार को गहरा गम दे दिया है। हादसे में घायल हुए एक और श्रमिक ने लंबी जद्दोजहद और इलाज के दौरान अस्पताल में दम तोड़ दिया है। इस दुखद मौत के साथ ही इस भीषण त्रासदी में जान गंवाने वाले श्रमिकों का कुल आंकड़ा अब 22 तक पहुँच गया है। इस खबर ने न केवल पीड़ित परिवारों के जख्मों को फिर से हरा कर दिया है, बल्कि क्षेत्र में शोक और आक्रोश की लहर भी पैदा कर दी है।
वर्तमान में अस्पताल के सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, अभी भी 10 श्रमिक गंभीर रूप से घायल हैं और उनका इलाज विभिन्न अस्पतालों में जारी है। डॉक्टरों की टीम उनकी स्थिति पर चौबीसों घंटे नजर बनाए हुए है। हादसे के बाद से ही प्लांट परिसर और अस्पताल के बाहर परिजनों का जमावड़ा लगा है, जो अपनों की सलामती के लिए दुआ कर रहे हैं। प्रशासन की ओर से घायलों को सर्वोत्तम उपचार उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं, लेकिन मौतों के बढ़ते आंकड़ों ने औद्योगिक सुरक्षा और प्रबंधन के दावों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
इस दुखद घटना के बाद अब मामले की उच्च-स्तरीय जांच और मुआवजे की मांग ने जोर पकड़ लिया है। श्रमिक संगठनों और पीड़ित परिवारों ने घटना के लिए जिम्मेदार सुरक्षा मानकों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। हालांकि प्रशासन की ओर से पहले ही जांच के आदेश दिए जा चुके हैं, लेकिन बड़ा सवाल यह है कि इतनी बड़ी चूक आखिर कैसे हुई? आने वाले दिनों में जांच रिपोर्ट के साथ ही इस मामले में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई होने की उम्मीद जताई जा रही है।








