ग्वालियर: साइबर ठगों के हौसले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। ग्वालियर में एक महिला के साथ ठगी का ऐसा मामला सामने आया है, जिसने सभी को चौंका दिया। ठग ने महिला के रिश्तेदार की हूबहू आवाज में बात कर उससे करीब 7 लाख रुपये ठग लिए। महिला को तब तक ठगी का एहसास नहीं हुआ, जब तक पैसा खाते से निकल नहीं गया।
जानकारी के अनुसार, महिला के मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। फोन करने वाले ने खुद को महिला का करीबी रिश्तेदार बताया और बेहद आत्मीय अंदाज में बातचीत की। आवाज बिल्कुल पहचान वाली होने के कारण महिला को किसी तरह का शक नहीं हुआ।
ठग ने बताया कि वह किसी कानूनी परेशानी में फंस गया है और तुरंत पैसों की जरूरत है। भावनात्मक दबाव बनाते हुए उसने मदद की गुहार लगाई। महिला ने रिश्ते और भरोसे के चलते बिना किसी जांच-पड़ताल के बताए गए अकाउंट में रकम ट्रांसफर कर दी।
कुछ देर बाद जब महिला ने अपने परिवार के अन्य सदस्यों से बात की, तब जाकर सच्चाई सामने आई। रिश्तेदार सुरक्षित था और उसने किसी तरह की मदद नहीं मांगी थी। इसके बाद महिला को एहसास हुआ कि वह साइबर ठगी का शिकार हो चुकी है।
पीड़िता ने तुरंत पुलिस और साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि ठगों ने तकनीक की मदद से आवाज की नकल कर वारदात को अंजाम दिया।
पुलिस की अपील
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी आपात कॉल पर तुरंत भरोसा न करें। पैसे भेजने से पहले संबंधित व्यक्ति या परिवार के किसी अन्य सदस्य से पुष्टि जरूर करें। साइबर ठगी की आशंका होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें।
निष्कर्ष
यह मामला साफ दिखाता है कि साइबर अपराधी अब भावनाओं और तकनीक दोनों का इस्तेमाल कर लोगों को ठग रहे हैं। थोड़ी सी सतर्कता और समझदारी से ऐसे मामलों से बचा जा सकता है।








