Breaking
- Chhattisgarh Teachers Day News: शिक्षक दिवस पर मुख्यमंत्री साय ने गुरुजनों को...
- Development News: रिंग रोड से केलो रिवर फ्रंट तक विकास परियोजनाओं की रफ्तार ब...
- Bastar Education News: नक्सल प्रभावित इलाकों में फिर गूंजी स्कूलों की घंटी, श...
- Crime News: पानी के छींटे को लेकर हुआ विवाद बना हत्या की वजह, नाबालिग ने हथौड...
- Electricity News: बकाया बिजली बिल पर विधायक चैतराम अटामी के आवास की कटी बिजली...
- Korba Road News: जर्जर सड़क से परेशान ग्रामीणों का प्रदर्शन, बारिश के बीच चक्...
- साइबर ठगी से बचाव के लिए जागरूकता जरूरी, कृषि विश्वविद्यालय में हुई विशेष कार...
- Raipur Recruitment News: सरकारी विभागों में खाली पदों पर भर्ती की समीक्षा, मु...
- Raipur Culture News: ‘रंग तरंग’ के अंतिम दिन लोक वाद्ययंत्रों की थाप पर जीवंत...
- Ambikapur Environment News: ‘एक पेड़ माँ के नाम’ से हरित होंगी गृह निर्माण मं...
Union Budget 2026-27: मोदी सरकार ने बजट के लिए जनता से मांगे सीधे सुझाव, जानें कैसे अपनी राय वित्त मंत्री तक पहुँचाएं...

भारत सरकार ने आगामी केंद्रीय बजट 2026-27 की तैयारी के तहत एक अनूठी पहल शुरू की है। 'सबका साथ-सबका विकास' के मंत्र को आगे बढ़ाते हुए, वित्त मंत्रालय ने देश के आम नागरिकों से बजट के लिए सीधे सुझाव और विचार आमंत्रित किए हैं। इस कदम का उद्देश्य बजट को अधिक समावेशी और जनता की आकांक्षाओं के अनुरूप बनाना है। सरकार का मानना है कि चाहे आप एक छात्र हों, पेशेवर हों, गृहणी हों या सेवानिवृत्त, आपकी राय देश की आर्थिक दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।

नागरिक अपने बहुमूल्य सुझाव सरकार के आधिकारिक प्लेटफॉर्म MyGov.in पर जाकर दे सकते हैं। सुझाव भेजने की खिड़की 16 जनवरी 2026 की शाम 5:30 बजे तक खुली रहेगी। लोग पोर्टल पर लॉगिन करके विभिन्न क्षेत्रों जैसे आयकर में सुधार, रोजगार सृजन, शिक्षा, स्वास्थ्य, और बुनियादी ढांचे के विकास को लेकर अपनी राय दे सकते हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कि पिछले वर्षों में प्राप्त कई महत्वपूर्ण सुझावों को वार्षिक बजट का हिस्सा बनाया गया है।
आम जनता से सुझाव मांगने से पहले, केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने नई दिल्ली में विभिन्न हितधारकों के साथ बजट-पूर्व परामर्श (Pre-Budget Consultations) के कई दौर पूरे किए हैं। इन बैठकों में प्रमुख अर्थशास्त्रियों, किसान संगठनों, MSME क्षेत्र के प्रतिनिधियों, स्टार्टअप्स, आईटी सेक्टर और ट्रेड यूनियनों से चर्चा की गई है। उद्योग जगत ने विशेष रूप से सरल टैक्स नियमों और व्यापार करने में आसानी (Ease of Doing Business) पर जोर दिया है।
परंपरा के अनुसार, केंद्रीय बजट 1 फरवरी 2026 को संसद में पेश किए जाने की संभावना है। हालांकि 1 फरवरी को रविवार है, लेकिन सूत्रों का कहना है कि सरकार अपनी स्थापित परंपरा को कायम रखते हुए इसी दिन बजट पेश कर सकती है। यह बजट विकसित भारत के लक्ष्य की ओर एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिसमें डिजिटल बुनियादी ढांचे, ग्रीन एनर्जी और ग्रामीण विकास पर विशेष ध्यान दिए जाने की उम्मीद है।







