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स्वामी आत्मानंद स्कूलों में मची खलबली: कहीं भर्ती की 'फाइनल लिस्ट' जारी, तो कहीं बर्खास्तगी से मचा हड़कंप; वेतन को लेकर भी कर्मचारी परेशान

छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वाकांक्षी स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय योजना एक बार फिर सुर्खियों में है। नए साल की शुरुआत के साथ ही विभिन्न जिलों से शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए मिली-जुली खबरें आ रही हैं। एक ओर जहाँ भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर अचानक की गई बर्खास्तगी और लंबित वेतन ने कर्मचारियों के बीच रोष पैदा कर दिया है।

जशपुर में भर्ती प्रक्रिया का अंतिम चरण
जशपुर जिले के लिए बड़ी खुशखबरी आई है। जिला प्रबंधन समिति ने व्याख्याता, शिक्षक और सहायक शिक्षक के विभिन्न संविदा पदों के लिए अंतिम मेरिट सूची और चयन सूची जारी कर दी है। दावों और आपत्तियों के निराकरण के बाद जारी इस सूची से लंबे समय से इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों का इंतजार खत्म हुआ है। चयनित उम्मीदवार अब जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के माध्यम से अपनी जॉइनिंग की प्रक्रिया पूरी कर सकेंगे।
बेमेतरा में 'संडे' को मिली बर्खास्तगी की चिट्ठी
इसके विपरीत, बेमेतरा जिले से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है। यहाँ के आत्मानंद स्कूल में कार्यरत 7 प्री-प्राइमरी शिक्षिकाओं और 4 आयाओं को रविवार के दिन कार्यालय बुलाकर अचानक सेवा समाप्ति (Dismissal) का आदेश थमा दिया गया। कर्मचारियों का आरोप है कि उन्हें पिछले 7 महीनों से वेतन भी नहीं दिया गया है। अचानक हुई इस कार्रवाई से महिला कर्मचारियों में भारी आक्रोश है और उन्होंने न्याय की गुहार लगाई है। हालांकि, विभाग का कहना है कि ये नियमित कर्मचारी नहीं थे।
वेतन और प्रबंधन को लेकर सवाल
प्रदेश के कई अन्य जिलों से भी संविदा कर्मचारियों के वेतन भुगतान में देरी की शिकायतें मिल रही हैं। पूर्व में सरकार ने निर्णय लिया था कि अब संविदा कर्मियों को सीधे लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) के माध्यम से भुगतान किया जाएगा, ताकि जिला स्तर पर होने वाली देरी से बचा जा सके। बावजूद इसके, जमीनी स्तर पर कई स्कूलों में फंड की कमी का हवाला देकर कर्मचारियों को महीनों तक वेतन नहीं मिल पा रहा है।
शिक्षा विभाग अब आत्मानंद स्कूलों में अतिशेष (Surplus) शिक्षकों के युक्ति-युक्तकरण (Rationalization) की तैयारी भी कर रहा है। नए दिशा-निर्देशों के अनुसार, जिन स्कूलों में स्वीकृत पदों से अधिक शिक्षक हैं या जिन्होंने प्रतिनियुक्ति पर असहमति जताई है, उन्हें दूसरे स्कूलों में शिफ्ट किया जाएगा।






