रायपुर: राजधानी की यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने और सड़कों को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए रायपुर कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह शनिवार को अचानक मैदान में उतरे। उन्होंने शहर के व्यस्ततम इलाकों में शुमार टिकरापारा और संतोषी नगर क्षेत्र का सघन निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने पाया कि कई दुकानदारों ने अपनी दुकानों का सामान सड़क और फुटपाथ तक फैला रखा है, जिससे आवागमन में भारी बाधा उत्पन्न हो रही है। इस पर नाराजगी जाहिर करते हुए उन्होंने दुकानदारों को स्पष्ट चेतावनी दी कि वे अपना सामान अपनी सीमा के भीतर ही रखें।
कलेक्टर ने निरीक्षण के दौरान निगम अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे सड़कों के किनारे बेतरतीब ढंग से खड़े होने वाले वाहनों और दुकानों के बाहर अवैध रूप से किए गए विस्तार पर तत्काल कार्रवाई करें। उन्होंने दुकानदारों से सीधे संवाद करते हुए कहा कि व्यापार करना सबका अधिकार है, लेकिन इसकी वजह से आम जनता को चलने में परेशानी नहीं होनी चाहिए। टिकरापारा और संतोषी नगर जैसे क्षेत्रों में ट्रैफिक का दबाव अधिक रहता है, ऐसे में सड़क की चौड़ाई कम होने से दुर्घटनाओं की आशंका भी बनी रहती है।
प्रशासनिक टीम के साथ पैदल मार्च करते हुए कलेक्टर ने नालियों के ऊपर किए गए अवैध कब्जों को भी देखा और उन्हें हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रथम चरण में समझाइश दी जा रही है, लेकिन इसके बाद भी यदि सुधार नहीं हुआ, तो निगम की टीम सामान जब्ती और भारी जुर्माना लगाने की कार्रवाई करेगी। इस दौरान उन्होंने सफाई व्यवस्था का भी जायजा लिया और नगर निगम के सफाई अमले को कचरा संग्रहण और सड़कों की सफाई में ढिलाई न बरतने के निर्देश दिए।
कलेक्टर की इस औचक कार्रवाई से पूरे इलाके के व्यापारियों में हड़कंप मच गया। कई दुकानदारों ने कलेक्टर के सामने ही अपना सामान दुकान के भीतर समेटना शुरू कर दिया। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन की इस पहल का स्वागत किया है, क्योंकि सड़क पर अतिक्रमण के कारण इस रूट पर अक्सर लंबा जाम लगा रहता है। कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने कहा कि रायपुर को व्यवस्थित और सुंदर बनाने के लिए इस तरह के निरीक्षण और कार्रवाई भविष्य में भी निरंतर जारी रहेंगे।








