आगामी पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के लिए छत्तीसगढ़ के 30 वरिष्ठ आईएएस और आईपीएस अधिकारियों को ऑब्जर्वर नियुक्त किया गया है। चुनाव आयोग के निर्देश पर ये अधिकारी निष्पक्ष और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के लिए मोर्चा संभालेंगे।
देश के पांच राज्यों में होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर निर्वाचन आयोग ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इस महासंग्राम को निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए छत्तीसगढ़ कैडर के 30 अनुभवी आईएएस (IAS) और आईपीएस (IPS) अधिकारियों को बड़ी जिम्मेदारी सौंपी गई है। ये अधिकारी विभिन्न राज्यों में चुनाव पर्यवेक्षक (Observer) के रूप में तैनात किए जाएंगे, जहाँ वे चुनावी प्रक्रियाओं की निगरानी करेंगे।
निर्वाचन आयोग द्वारा जारी सूची के अनुसार, इन अधिकारियों में वरिष्ठ स्तर के प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी शामिल हैं। आईएएस अधिकारियों को मुख्य रूप से सामान्य पर्यवेक्षक (General Observer) और व्यय पर्यवेक्षक (Expenditure Observer) के रूप में तैनात किया गया है, जबकि आईपीएस अधिकारियों को पुलिस पर्यवेक्षक के रूप में सुरक्षा व्यवस्था और कानून-व्यवस्था की निगरानी का जिम्मा दिया गया है। छत्तीसगढ़ के इन अधिकारियों को उनके ट्रैक रिकॉर्ड और प्रशासनिक अनुभव के आधार पर चुना गया है।
इन पांच राज्यों में चुनावी माहौल और संवेदनशीलता को देखते हुए छत्तीसगढ़ के अधिकारियों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होगी। वे नामांकन प्रक्रिया से लेकर मतदान और मतगणना तक पूरी प्रक्रिया पर नजर रखेंगे। साथ ही, वे यह सुनिश्चित करेंगे कि आदर्श आचार संहिता का कड़ाई से पालन हो और मतदाताओं को बिना किसी डर या प्रलोभन के मतदान करने का अवसर मिले। जल्द ही इन अधिकारियों को संबंधित राज्यों के अलॉटेड निर्वाचन क्षेत्रों के लिए रवाना किया जाएगा।
छत्तीसगढ़ शासन के सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने इस संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। चुनावी ड्यूटी पर जाने वाले अधिकारियों की अनुपस्थिति में उनके विभागों का प्रभार अन्य अधिकारियों को सौंपा जा रहा है ताकि राज्य का प्रशासनिक कामकाज प्रभावित न हो। छत्तीसगढ़ के अधिकारियों की दूसरे राज्यों में इस तरह की नियुक्ति प्रदेश की प्रशासनिक क्षमता और निर्वाचन कार्य में उनकी विशेषज्ञता को दर्शाती है।








