CG News - रायपुर में प्रशासन की एक बड़ी छापेमारी और सख्त कार्रवाई के बाद एक प्रमुख गैस एजेंसी का लाइसेंस तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। इस औचक फैसले ने एक झटके में शहर के लगभग 12,000 से ज्यादा परिवारों को अधर में छोड़ दिया है। रायपुर खाद्य विभाग को एजेंसी के खिलाफ लंबे समय से अनियमितताओं की शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद यह कड़ा कदम उठाया गया है।
इस कार्रवाई के बाद रायपुर के संबंधित इलाकों में अफरा-तफरी का माहौल है। हजारों उपभोक्ता जब अपनी गैस एजेंसी पहुँचे, तो वहां काम बंद देख दंग रह गए। प्रशासन ने आनन-फानन में इन सभी 12 हजार कनेक्शनों को दूसरी एजेंसियों में मर्ज (Shift) करने का आदेश तो दे दिया है, लेकिन तकनीकी दिक्कतों के कारण लोगों को अब एक दफ्तर से दूसरे दफ्तर के चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
सबसे बड़ी समस्या उन लोगों के लिए खड़ी हो गई है जिनका सिलेंडर खत्म हो चुका है। रायपुर की अन्य एजेंसियों में डेटा पूरी तरह अपडेट न होने की वजह से नई बुकिंग लेने में परेशानी आ रही है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि बिना किसी पूर्व सूचना के एजेंसी बंद होने से उनके घर का बजट और रसोई की व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है।
रायपुर खाद्य विभाग के अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि उपभोक्ताओं को घबराने की जरूरत नहीं है और डेटा ट्रांसफर की प्रक्रिया को तेज कर दिया गया है। प्रभावित ग्राहकों को सलाह दी गई है कि वे अपने आवश्यक दस्तावेजों के साथ आवंटित नई एजेंसी में संपर्क करें ताकि जल्द से जल्द उनकी गैस आपूर्ति बहाल हो सके। फिलहाल, हजारों लोग अपनी बारी के इंतजार में कतारों में खड़े नजर आ रहे हैं।








