Breaking
- Raipur Road Accident: तेलीबांधा ओवरब्रिज के नीचे तेज रफ्तार ट्रक ने युवक को क...
- Chhattisgarh Skill Development: TCS और अडानी समूह के सहयोग से युवाओं को मिलेग...
- Chhattisgarh Jal Jeevan Mission: 2,875 पंचायतों में जलापूर्ति व्यवस्था तैयार,...
- Dhamtari Court Verdict: मतांतरण के दबाव से युवक की आत्महत्या मामले में पत्नी ...
- Gen-Z Money Trend: दिखावे और महंगे शौक से दूर युवा, अब खुलकर पैसों की बात करन...
- Chhattisgarh Employment Fair 2026: 13 हजार से अधिक युवाओं की भागीदारी, 5 हजार...
- Chhattisgarh Employment Fair: 13 हजार से ज्यादा युवाओं ने लिया हिस्सा, 5 हजार...
- Chhattisgarh Nutrition Initiatives: राष्ट्रीय मंच पर छत्तीसगढ़ की पोषण योजनाओ...
- Bastar Naxal Case Review: नक्सल प्रकरणों की वापसी में तेजी के निर्देश, 15 दिन...
- Chhattisgarh Tourism Development: चित्रकोट को ग्लोबल डेस्टिनेशन बनाने की तैया...
Dhamtari Court Verdict: मतांतरण के दबाव से युवक की आत्महत्या मामले में पत्नी समेत 5 दोषियों को 5-5 साल की सजा

धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में मतांतरण के लिए दबाव बनाने से जुड़े मामले में अदालत ने अहम फैसला सुनाया है। युवक की आत्महत्या के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश ने उसकी पत्नी, सास-ससुर, डेढ़ सास और साली को दोषी ठहराते हुए पांचों आरोपियों को पांच-पांच साल के कारावास की सजा सुनाई है। यह मामला जिला मुख्यालय के नजदीक स्थित ग्राम पोटियाडीह का है।

दिसंबर 2024 में हुई थी युवक की मौत
न्यायालयीन जानकारी के अनुसार, पोटियाडीह निवासी खूबचंद साहू ने अर्जुनी थाने में सूचना दी थी कि उनके भतीजे लीनेश कुमार साहू ने अपने मकान के ऊपरी कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। यह घटना 6 दिसंबर 2024 की रात करीब 10:30 बजे से 7 दिसंबर की सुबह लगभग 7 बजे के बीच की बताई गई।
सूचना मिलने के बाद अर्जुनी थाना पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू की थी। जांच के दौरान युवक की आत्महत्या से जुड़े परिस्थितिजन्य तथ्यों की पड़ताल की गई।
मतांतरण के लिए दबाव बनाने का आरोप
मामले में आरोप लगाया गया कि युवक पर मतांतरण के लिए दबाव बनाया जा रहा था, जिसके चलते उसने आत्महत्या कर ली। प्रकरण की सुनवाई के बाद अपर सत्र न्यायाधीश ने युवक की पत्नी, सास-ससुर, डेढ़ सास और साली को दोषी ठहराते हुए प्रत्येक को पांच साल की सजा सुनाई।
अदालत के इस फैसले के साथ ही मामले में पांचों दोषियों को कारावास की सजा दी गई है। प्रकरण से जुड़े अन्य कानूनी विवरणों की जानकारी उपलब्ध होने पर मामले की आगे की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।






