NV News रायपुर। छत्तीसगढ़ के लाखों श्रमिकों के लिए नया वित्तीय वर्ष (2026-27) खुशियां लेकर आया है। राज्य सरकार के श्रम विभाग ने न्यूनतम वेतन की दरों में संशोधन करते हुए परिवर्तनशील महंगाई भत्ते (VDA) में वृद्धि की घोषणा की है। यह नई दरें 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी हो गई हैं। बढ़ती महंगाई को ध्यान में रखते हुए सरकार ने अकुशल, अर्धकुशल, कुशल और उच्च कुशल श्रमिकों के मासिक वेतनमान में सम्मानजनक बढ़ोतरी की है, जिससे औद्योगिक और निजी क्षेत्रों में काम करने वाले मजदूरों को बड़ी राहत मिली है।
श्रेणीवार नया मासिक वेतन (Zone-A के आधार पर)
श्रम विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, विभिन्न श्रेणियों के लिए संशोधित वेतनमान इस प्रकार है:
श्रमिक श्रेणी पुराना अनुमानित वेतन नया निर्धारित वेतन (मासिक)
अकुशल (Unskilled) ₹10,420 ₹10,620
अर्धकुशल (Semi-skilled) ₹11,070 ₹11,270
कुशल (Skilled) ₹11,850 ₹12,050
उच्च कुशल (Highly Skilled) ₹12,630 ₹12,830
खेतिहर मजदूरों के वेतन में भी इजाफा
केवल औद्योगिक श्रमिकों ही नहीं, बल्कि राज्य के कृषि क्षेत्र में काम करने वाले मजदूरों के लिए भी खुशखबरी है। कृषि श्रमिकों के न्यूनतम वेतन में ₹140 प्रति माह की वृद्धि की गई है। इस निर्णय से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने और पलायन रुकने की उम्मीद जताई जा रही है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि कोई भी नियोक्ता (Employer) इन निर्धारित दरों से कम वेतन नहीं दे सकता; ऐसा करना कानूनन अपराध माना जाएगा।
परिवर्तनशील महंगाई भत्ते (VDA) का प्रभाव
यह वृद्धि मुख्य रूप से परिवर्तनशील महंगाई भत्ते (Variable Dearness Allowance) के समायोजन के कारण हुई है। छत्तीसगढ़ में हर छह महीने में उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (Consumer Price Index) के आधार पर महंगाई भत्ते की समीक्षा की जाती है। पिछले कुछ महीनों में आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में हुई वृद्धि को देखते हुए श्रमायुक्त कार्यालय ने यह आदेश जारी किया है। इस कदम से न केवल श्रमिकों की क्रय शक्ति बढ़ेगी, बल्कि उनके जीवन स्तर में भी सुधार आएगा।








