Breaking
- Utkrisht Krishak Ratn Samman: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय बोले- 'किसानों की सम...
- Bastar Dussehra Concludes: विश्व प्रसिद्ध 75 दिवसीय बस्तर दशहरा का हुआ समापन,...
- मोबाइल देखने को लेकर उपजे विवाद में खूनी संघर्ष, बड़े भाई ने डंडे से पीट-पीटक...
- Gadchiroli Maoist Plot Foiled: छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र सीमा पर नक्सलियों की बड़ी...
- Bijapur Tassar Silk Farming: बीजापुर के 13 तसर पालकों को मिली स्वस्थ डिम्ब सम...
- Chhattisgarh Heritage: छत्तीसगढ़ की 14 रियासतों का गौरवशाली इतिहास अब एक छत क...
- Chhattisgarh News: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने लॉन्च किया 'छत्तीसगढ़ हर्बल्...
- Housing Board Workshop: छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल की कार...
- CG Health News: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 520 नवनियुक्त स्वास्थ्यकर्मियों...
- CG Cabinet Decisions: छत्तीसगढ़ में 15 नवंबर से शुरू होगी धान खरीदी, किसानों ...
CG NEWS : जिले में फर्जी मैट्रिमोनियल साइट के जरिए साइबर ठगी का पर्दाफाश, मास्टरमाइंड समेत गिरोह पर कार्रवाई

CG NEWS : रायगढ़ पुलिस ने फर्जी मैट्रिमोनियल साइट के नाम पर चल रहे बड़े साइबर ठगी गिरोह का खुलासा किया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह को मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने दरोगापारा स्थित निधि परिवहन केंद्र में छापा मारकर इस संगठित रैकेट का भंडाफोड़ किया। कार्रवाई में एडिशनल एसपी अनिल सोनी, नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा, साइबर थाना प्रभारी विजय चेलक सहित संयुक्त टीम शामिल रही।

जांच में सामने आया कि केंद्र संचालक कपिल गर्ग पहले लोक सेवा केंद्र के माध्यम से आरटीओ से जुड़े कार्य करता था, लेकिन उसकी आईडी एक माह पहले ही निरस्त हो चुकी थी। इसके बावजूद वह फर्जी तरीके से इंडिया मैट्रिमोनी नाम से ऑनलाइन प्लेटफॉर्म संचालित कर लोगों को विवाह प्रस्ताव के नाम पर ठग रहा था। गिरोह में शामिल युवतियां फर्जी जीमेल आईडी और मोबाइल नंबर के जरिए यूट्यूब चैनल बनाकर आकर्षक प्रोफाइल, फोटो और वीडियो अपलोड करती थीं। इसके बाद इच्छुक लोगों से संपर्क कर उनका बायोडाटा लिया जाता और रजिस्ट्रेशन फीस यूपीआई के माध्यम से वसूली जाती। आगे बातचीत और मीटिंग कराने के नाम पर भी अलग-अलग बहानों से रकम ऐंठी जाती थी। ठगी की रकम लेने के बाद आरोपियों द्वारा पीड़ितों से यह कहकर संपर्क तोड़ दिया जाता था कि संबंधित युवती को रिश्ता पसंद नहीं आया।
पुलिस ने जांच के दौरान लैपटॉप, फोटोशॉप सॉफ्टवेयर के जरिए दस्तावेजों में छेड़छाड़ के सबूत, शासकीय सील-मुहर और अन्य सामग्री जब्त की है। मामले में एक अन्य स्थान शांति देवी सोसायटी ऑफ एजुकेशन केंद्र पर भी छापेमारी की गई, जहां से इस नेटवर्क के और तार जुड़े मिले। पुलिस सभी आरोपियों से पूछताछ कर आगे की जांच में जुटी है। एसएसपी ने लोगों से फर्जी सोशल मीडिया और मैट्रिमोनियल प्रोफाइल से सावधान रहने की अपील की है।







