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Belly Fat: 30 की उम्र के बाद क्यों बाहर निकलने लगता है पेट? AIIMS के डॉक्टर ने बताया इसका 'सीक्रेट' कारण...

नई दिल्ली: जैसे ही आप 30 की उम्र (Age 30) पार करते हैं, शरीर में कई बदलाव आने शुरू हो जाते हैं। अक्सर लोग शिकायत करते हैं कि उनकी डाइट पहले जैसी ही है, फिर भी पेट का घेरा (Belly Fat) बढ़ता जा रहा है। AIIMS, हार्वर्ड और स्टैनफोर्ड से ट्रेनिंग ले चुके मशहूर गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट डॉ. सौरभ सेठी ने सोशल मीडिया पर इसके पीछे की असली वजहों का खुलासा किया है। उनके अनुसार, यह केवल खाने-पीने की बात नहीं है, बल्कि आपके शरीर का अंदरूनी सिस्टम 30 के बाद बदलने लगता है।

डॉ. सेठी के अनुसार, इसका सबसे बड़ा कारण 'मसल्स लॉस' (Muscle Loss) है। 30 साल की उम्र के बाद, शरीर हर दशक में लगभग 3% से 8% मांसपेशियां खोने लगता है। चूंकि मांसपेशियां आराम करते समय भी कैलोरी बर्न करती हैं, इसलिए जब ये कम होती हैं, तो शरीर का मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है। बची हुई अतिरिक्त ऊर्जा शरीर में फैट के रूप में जमा होने लगती है, जिसका सबसे पसंदीदा ठिकाना आपका पेट होता है।
दूसरा मुख्य कारण इंसुलिन रेजिस्टेंस (Insulin Resistance) में गिरावट है। उम्र बढ़ने के साथ, शरीर की कोशिकाएं इंसुलिन के प्रति कम संवेदनशील हो जाती हैं। डॉ. सेठी बताते हैं कि 30 के बाद हर 10 साल में इंसुलिन सेंसिटिविटी 4-5% तक कम हो सकती है। इसका मतलब है कि वही भोजन जो आप पहले खाते थे, अब आपके ब्लड शुगर को अधिक बढ़ा सकता है, जिससे शरीर पेट के आसपास फैट जमा करना शुरू कर देता है।
हार्मोनल बदलाव भी इस समस्या को गंभीर बनाते हैं। 30 के बाद ग्रोथ हार्मोन, टेस्टोस्टेरोन और एस्ट्रोजन जैसे हार्मोन्स का स्तर गिरने लगता है, जबकि तनाव बढ़ाने वाला हार्मोन 'कोर्टिसोल' (Cortisol) बढ़ सकता है। यह असंतुलन विशेष रूप से पेट के गहरे हिस्से (Visceral Fat) में चर्बी जमा करने के लिए जिम्मेदार होता है। डॉ. सेठी के अनुसार, अच्छी नींद न लेना और तनावपूर्ण जीवनशैली इस प्रक्रिया को और तेज़ कर देती है।
डॉक्टर ने बेली फैट घटाने के लिए ये 4 आसान टिप्स दिए हैं:
प्रोटीन बढ़ाएं: अपनी डाइट में प्रति किलो वजन के हिसाब से 1.2 से 1.6 ग्राम प्रोटीन शामिल करें।
स्ट्रेंथ ट्रेनिंग: हफ्ते में कम से कम 3 बार वजन उठाने वाली एक्सरसाइज करें ताकि मसल्स बनी रहें।
10 मिनट की वॉक: हर भोजन के बाद सिर्फ 10 मिनट टहलना इंसुलिन लेवल को कंट्रोल करने में मदद करता है।
पर्याप्त नींद: रात में 7-8 घंटे की गहरी नींद लें ताकि स्ट्रेस हार्मोन कोर्टिसोल काबू में रहे।







